कहते हैं किस्मत में लिखा कोई मिटा नहीं सकता, सोसाइटी के प्रयासों से रोशन हुई रौशनी की जिंदगी

  • हाडोती के ब्लड में बहती है सेवा की धारा
  • सोसाइटी के प्रयासों से रोशन हुई रौशनी की जिंदगी
  • गरीब सहरिया बालिका की शादी के लिए किया धन संग्रह
  • लॉकडाउन में रोजगार खो चुका था परिवार।

किशनगंज: कहते हैं किस्मत में लिखा कोई मिटा नहीं सकता, कल तक जिस सहरिया परिवार के पास बेटी की शादी के लिए फूटी कौड़ी नहीं थी आज उसी बेटी की शादी, हाडोती ब्लड डोनर सोसाइटी के प्रयासों से सहरिया समाज में धूमधाम से हुई और बेटी को दहेज के सामान के अलावा बारातियों और बस्ती के लोगों के भोजन का प्रबंध भी किया गया।
यह सब संभव हुआ है हाडोती ब्लड डोनर सोसायटी के कोऑर्डिनेटर नरेंद्र शर्मा की पहल पर गौरतलब है कि छत्रगंज निवासी चतरा सहरिया की लड़की रोशनी का विवाह 26 जून को तय हो चुका था लेकिन लॉकडाउन में चौकीदारी की नौकरी खो चुके चतरा सहरिया के पास फूटी कौड़ी भी नहीं थी घर का मकान काफी पहले बिक जाने से वह अपने भाई के यहां पर वैकल्पिक तौर पर रह रहे हैं चतरा सहरिया खुद तीन भाई हैं और तीन भाइयों के हिस्से में केवल डेढ़ बीघा जमीन है जमीन भी बंजर है ऐसे में उसके खरीदने वाला भी कोई नहीं था पिता ने बच्ची को ब्याह लायक होता देख शादी तो तय कर दी लेकिन शादी के लिए औपचारिक रस्में पूरा करने के लिए उसके पास धन नहीं था

इस बात की पीड़ा हाडोती ब्लड डोनर सोसाइटी के प्रेरक नरेंद्र शर्मा को हुई तो उन्होंने धन संग्रह कर इस बच्ची की शादी का बीड़ा उठाया,सोसायटी के कोऑर्डिनेटर शर्मा बताते हैं कि चतरा सहरिया हमेशा रक्तदान शिविरों में मदद करता रहा है कई सहरिया रक्तदाताओं को मोटिवेट करके रक्तदान करवाया है रोजगार चला जाने से वह केलवाड़ा छोड़कर छत्रगंज रहने लगा ऐसे में उसकी माली हालत तथा रक्तदान के प्रति उसके झुकाव को देखते हुए बेटी रोशनी सहरिया के विवाह की जिम्मेदारी लेते हुए उन्होंने सोसायटी के सामने यह प्रस्ताव रखा और देखते ही देखते सोसाइटी से जुड़े कार्यकर्ताओं ने आर्थिक सहयोग की झड़ी लगा दी,मंडप सजने लगा, रसोई बनने लगी,बारातियों के स्वागत की तैयारियां हुई और फिर गरीब सहरिया बालिका रोशनी का बड़े ही धूमधाम के साथ शादी समारोह संपन्न हुआ ‘व्हाट्सएप ग्रुप पर हुई घोषणाएं व अकाउंट में डाली राशि’ सोसाइटी के मुख्य प्रेरक ग्रुप में जब बेटी रोशनी सहरिया की शादी के लिए मैसेज डाला तो सोसाइटी से अलग-अलग कस्बों से जुड़े लोगों ने मदद की जिससे 50 हजार की राशि एकत्रित हो गई तथा इस राशि से बेटी रोशनी के लिए दहेज, बर्तन, कपड़े भी खरीद लिए, कुछ लोगों ने चांदी की पायल, चैन भी भेंट की तो कुछ ने बर्तन भेंट किए वहीं बस्ती के लोगों के भोजन का प्रबंध भी इस राशि से हो गया

बेटी के विवाह के लिए बारां से गायत्री परिवार के मुकेश मीणा पहुंचे पूरे विधि विधान से विवाह की रस्में संपन्न करवाई गई इस मौके पर बेटी को आशीर्वाद देने के लिए सोसाइटी के दूर-दूर कस्बों से जुड़े कार्यकर्ता भी पहुंचे।
‘इन्होंने निभाया मानवता का धर्म किया सहयोग’ शादी में धनराशि एकत्रित करने के लिए सोसायटी के कोऑर्डिनेटर कोटा निवासी लेक्चरर राजीव सिंह चौहान, बारां में पशु चिकित्सालय स्थित गौशाला से जुड़े जितेंद्र भटनागर,पियूष सोनी,देवरी से सुनील सोनी,भानसिंह मेहता,नाटई से जय कुमार हलदार,समरानिया से शुभम गर्ग,नाहरगढ़ से नरेंद्र शर्मा,गणेश सोनी,परमानंद गोयल, जावेद खान,भंवरगढ़ से विकास मित्तल, छबड़ा से कलाम खान, हीरापुर से महबूब खान,केलवाड़ा से कॉलेज निदेशक राणा प्रताप सिंह,मुकेश नामा आदि ने लोगों को प्रेरित कर धनराशि के लिए सहयोग किया
‘मुंह पर मास्क हाथों में सैनिटाइजर’ इस शादी में कोरोना एडवाइजरी का भी पूर्ण पालन किया गया परिसर को भी पूर्ण सेनीटाइज किया गया दूल्हा-दुल्हन सहित बारातियों ने मास्क लगाकर रखा वहीं सभी को हैंड सैनिटाइज कराने की व्यवस्था भी की गई

 

किशनगंज से संवाददाता दूरदर्शी जैन की रिपोर्ट।

 

0Shares

Related posts

Leave a Comment